तफ़सीर अल-मुख़्तसर
أَوَلَمْ يَرَوْا۟ إِلَى ٱلْأَرْضِ كَمْ أَنۢبَتْنَا فِيهَا مِن كُلِّ زَوْجٍ كَرِيمٍ ﴿٧﴾
क्या ये मुश्रिक अभी भी अपने कुफ्र पर अड़े हुए हैं, इसलिए उन्होंने धरती की ओर नहीं देखा कि हमने उसमें कितने प्रकार के पौधे उगाए हैं, जो अच्छे दिखने वाले और बहुत-से फायदे वाले हैं?!