तफ़सीर अल-मुख़्तसर
إِنَّمَا ذَٰلِكُمُ ٱلشَّيْطَـٰنُ يُخَوِّفُ أَوْلِيَآءَهُۥ فَلَا تَخَافُوهُمْ وَخَافُونِ إِن كُنتُم مُّؤْمِنِينَ ﴿١٧٥﴾
तुम्हें डराने वाला शैतान ही है। वह अपने समर्थकों और सहायकों के द्वारा तुम्हें भयभीत करता है। अतः तुम उनके सामने कायरता मत दिखाओ। क्योंकि उनके पास कोई शक्ति और सामर्थ्य नहीं है। और अल्लाह की आज्ञाकारिता पर प्रतिबद्धता के साथ केवल उसी से डरो, यदि तुम वास्तव में उस पर विश्वास रखने वाले हो।